नालागढ़ की लहुन खंड में अवैध खनन जोरों पर, सरेआम जेसीबी मशीनें लगाकर किया जा रहा है खनन

नालागढ़ (ज्योति भल्ला)
सरकार व प्रशासन प्रदेश में अवैध खनन पर रोक लगाने के बड़े-बड़े दावे तो करते हैं लेकिन इन दावों की पोल प्रदेश के सबसे बड़े औद्योगिक क्षेत्र नालागढ़ की लहुन खड्ड खोल रही है जहां पर खनन माफिया द्वारा सरेआम दिनदहाड़े जेसीबी मशीनें और अन्य मशीनरी लगा कर खनन किया जा रहा है। और माफिया प्रदेश की बेशकीमती खनन सामग्री को लूटने में लगा हुआ है और इससे खनन सामग्री को माफिया द्वारा दिन हो चाहे रात पंजाब को सप्लाई किया जा रहा है ।
इस बारे में जब हमारी टीम को पता चला तो सुबह करीबन 7:00 बजे मौके पर पहुंचे जहां पर जेसीबी मशीनें लगाकर और टिपल लगाकर खनन किया जा रहा था मीडिया की टीम को देखकर खनन माफिया मिनटों में ही नदी से अपनी-अपनी मशीनरी लेकर पंजाब की ओर भाग गए हमारी टीम ने मौके पर देखा कि लहुन खड्ड की 1000 बीघा जमीन पर खनन हो रखा है और माफिया द्वारा दो 200 फीट के गहरे खड्डे नदी के बीच को दिए गए हैं ।

इस बारे में ग्रामीणों से बात की तो उनका कहना है कि बार-बार विभाग व सरकार को शिकायतों के बाद भी खनन पर रोक नहीं लगाई गई है और क्षेत्र के कुछ लोग पंजाब के माफिया के साथ मिलकर इस अवैध कारोबार को अंजाम दे रहे हैं और प्रदेश की बेशकीमती खनन सामग्री को लूट रहे हैं उन्होंने कहा कि खनन माफिया के हौसले इस कदर बुलंद है कि वह दिनदहाड़े ही खनन कर रहे हैं और उन्हें पुलिस व प्रशासन का डर ही नहीं रह गया है ग्रामीणों ने प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर द्वारा शुरू की गई 1100 सेवा पर भी फोन करके शिकायत दी है लेकिन अभी भी सरकार व प्रशासन द्वारा खनन पर रोक नहीं लगाई गई है जिसके चलते जहां प्रदेश की बेशकीमती खनन सामग्री को माफिया लूट रहा है वहीं पर्यावरण को भी एक बहुत बड़ा नुकसान होता हुआ नजर आ रहा है 1000 बीघा जमीन में पेड़ पौधे नष्ट हो गए हैं और जो पेड़ खड़े भी हैं वह भी बड़े बड़े गड्डों के ऊपर अकेले ही दिखाई दे रहे हैं स्थानीय लोगों ने सरकार व प्रशासन को चेतावनी देकर कहा है कि अगर जल्द ही खनन पर रोक नहीं लगाई गई तो आने वाले दिनों में चक्का जाम करने को भी मजबूर होंगे अब देखना यही होगा कि कब सरकार व प्रशासन जाता है और कब इस खनन माफिया पर कार्रवाई होती है.