
जालंधर/विनोद मरवाहा
नगर निगम के लिए चुनावी बिगुल जल्द बज सकता है। इसके लिए राज्य चुनाव कमीशन ने तैयारी कर ली है। ऐसा माना जा रहा है कि इसी साल के अंत में नोटिफिकेशन भी जारी किया जा सकता है। उससे पहले राजनीतिक दलों में चुनाव लड़ने की तैयारी में जुटे नेता अपना टिकट पक्का कराने की जुगत में लगे हुए हैं।
जानकारों की मानें तो इन सबके बीच आम आदमी पार्टी में जो अपने टिकट को लेकर लगभग आश्वस्त नजर आ रहे हैं वो हैं राजनीतिक दल बदल चुके नेता। दलबदल करने वाले नेताओं की सूची पर नजर डालें तो बीते कुछ वर्षों में राजनीतिक पहचान बनाने वालों से लेकर पूर्व पार्षद भी शामिल हैं। इसमें कांग्रेस व भाजपा के वो नेता भी हैं जो अपना टिकट अभी से लगभग पक्का मान रहे हैं। हालांकि, दूसरे दलों से आए नेताओं के टिकट को लेकर आम आदमी पार्टी में विरोध के स्वर भी मुखर हैं। अलग-अलग पार्टियों से सपा में शामिल हो रहे नेताओं से आप की ही मुश्किलें बढ़ गई हैं। अब आप के नेता खुद भी नए ठिकानों की तलाश में लग गए हैं।
बता दें कि आम आदमी पार्टी की रणनीति है कि जो जिताऊ उम्मीदवार है, उसे हर हाल में मैदान में उतारा जाएगा। वह चाहे पार्टी के मूल काडर का हो या दूसरे दल से आया हो। पार्टी नेतृत्व की इस रणनीति पर भी सवाल उठ रहे हैं। पार्टी के अंदर कोई खुलकर अभी सामने नहीं आ रहा है।












































